ओस्लो विश्वविद्यालय (OU) के पूर्व छात्र अभिषेक सिंह ने इस साल सभी सात महाद्वीपों में मैराथन दौड़कर एक अनोखा मुकाम हासिल किया। इस अद्भुत उपलब्धि ने न सिर्फ उनके व्यक्तिगत लक्ष्य को पूरा किया, बल्कि भारतीय धावकों के लिए नई प्रेरणा भी बन गई है।
मुख्य समाचार
अभिषेक ने 2024 में क्रमशः अंटार्कटिका, ऑस्ट्रेलिया, यूरोप, एशिया, अफ्रीका, दक्षिण अमेरिका और उत्तरी अमेरिका में मैराथन दौड़ें पूरी कीं। हर महाद्वीप में उन्हें विभिन्न मौसम, ऊँचाई और सतह की कठिनाइयों का सामना करना पड़ा, लेकिन उनकी दृढ़ता और प्रशिक्षण ने उन्हें हर बाधा पार करने में मदद की। अंटार्कटिका में 42.195 किमी की दूरी को ठंडी हवाओं और बर्फीले रास्तों में पूरा करना सबसे चुनौतीपूर्ण रहा।
अभिषेक ने अपनी यात्रा के दौरान स्थानीय दान संगठनों के साथ मिलकर फंडरेज़िंग भी किया, जिससे पर्यावरण संरक्षण और बच्चों की शिक्षा के लिए राशि जुटाई गई। उनकी इस पहल को कई अंतरराष्ट्रीय खेल संगठनों ने सराहा और उन्हें विशेष सम्मान से नवाज़ा।
प्रभाव और महत्व
सात महाद्वीपों में मैराथन पूरी करने वाला अभिषेक न केवल व्यक्तिगत रिकॉर्ड स्थापित कर रहा है, बल्कि भारतीय धावकों में विश्व स्तर की प्रतिस्पर्धा को बढ़ावा दे रहा है। उनका सफर यह दर्शाता है कि सही योजना, निरंतर प्रशिक्षण और सामाजिक जागरूकता के साथ कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है। इस उपलब्धि से युवा खेल प्रेमियों में साहस और दृढ़ता की भावना जगेगी, जिससे भारत की एथलेटिक प्रोफ़ाइल अंतरराष्ट्रीय मंच पर और मजबूत होगी।
निष्कर्ष
अभिषेक सिंह की यह अद्भुत यात्रा भारतीय खेल इतिहास में एक नई दास्तान लिखती है और भविष्य के धावकों को नई दिशा देती है।



